बड़ी खबरें

भर्तृहरि महताब बने प्रोटेम स्पीकर, राष्ट्रपति ने दिलाई शपथ 19 घंटे पहले नीट विवाद में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई आज, दोषियों पर मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत कार्रवाई की मांग 19 घंटे पहले लखनऊ में UPSRTC मुख्यालय के बाहर मृतक आश्रितों का नौकरी की मांग पर धरना, 'नियुक्ति दो या जहर दे दो' का लिखा स्लोगन 19 घंटे पहले लखनऊ में 33 विभूतियों समेत 66 मेधावी सम्मानित, क्षत्रिय लोक सेवक परिवार ने हल्दीघाटी मनाया विजयोत्सव 19 घंटे पहले वर्ल्ड चैंपियन इंग्लैंड ने टी-20 वर्ल्ड कप में सबसे पहले सेमीफाइनल में बनाई जगह, अमेरिका को एकतरफा मुकाबले में 10 विकेट से हराया 19 घंटे पहले संजय गांधी पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट (SGPGI) लखनऊ में 419 वैकेंसी, 25 जून 2024 है लास्ट डेट, 40 वर्ष तक के उम्मीदवारों को मिलेगा मौका 19 घंटे पहले हरियाणा लोक सेवा आयोग (HPSC) ने मेडिकल ऑफिसर के 805 पदों पर निकाली भर्ती, 12 जुलाई 2024 है आवेदन करने की लास्ट डेट 19 घंटे पहले CBSE ने रीजनल डायरेक्टर सहित अन्य पदों पर निकाली भर्ती, एज लिमिट 56 वर्ष, सैलरी 65 हजार से ज्यादा 19 घंटे पहले मोदी ने सांसद पद की ली शपथ, 18वीं लोकसभा का पहला संसद सत्र शुरू 18 घंटे पहले सुप्रीम कोर्ट का केजरीवाल को तत्काल राहत देने से इनकार, 26 जून को होगी अगली सुनवाई 16 घंटे पहले

सरकारी कर्मचारियों के लिए राहत की खबर, ग्रेच्युटी में हुई इतने फीसदी की बढ़ोतरी

Blog Image

केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए राहत देने वाली खबर है क्योंकि सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों की ग्रेच्युटी और डेथ ग्रेच्युटी में 25 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है। सरकार ने उनके ग्रुच्युटी लिमिट को बढ़ाने का फैसला लिया है। इसके अलावा केंद्रीय कर्मचारियों के कई अलाउंस में बदलाव किया गया है। केंद्र सरकार ने मार्च में अपने कर्मचारियों के महंगाई भत्ते यानी  डीए में 4 फीसदी का इजाफा किया था, जो अब डीए 50 प्रतिशत हो गया है। 

अब 25 लाख रूपये मिलेगी ग्रेच्युटी-

केंद्र सरकार ने रिटायरमेंट ग्रेच्युटी और डेथ ग्रेच्युटी की में 25 प्रतिशत का इजाफा किया है, जिसके बाद यह 20 लाख रुपये से बढ़कर 25 लाख रुपये हो गई है।  ग्रेच्युटी की बढ़ाई गई सीमा 1 जनवरी 2024 से प्रभावी होगी। ऐसे में 1 जनवरी 2024 के बाद रिटायर होने वाले कर्मचारियों को इसका फायदा मिलेगा। 

क्यों दी जाती है ग्रेच्युटी?

ग्रेच्युटी एक ऐसी योजना है जिसके तहत कंपनी अपने को पांच साल या उससे अधिक समय तक लागातार काम करने के लिए देती है। ग्रेच्युटी भुगतान अधिनियम, 1972 के अनुसार, यदि कोई कर्मचारी किसी संगठन में कम से कम पांच साल तक लगातार काम करता है तो उसे ग्रेच्युटी लाभ मिलेगा. कर्मचारियों को उसकी ग्रेच्युटी रिटायरमेंट होने पर या उसके इस्तीफे के बाद दी जाती है. हालांकि अगर किसी कंपनी कर्मचारी लगातार पांच साल से कम काम किया है तो, उसे यह लाभ नहीं मिलता है।

क्या है ग्रेच्युटी भुगतान अधिनियम, 1972

 ग्रेच्युटी भुगतान (संशोधन) विधेयक, 2018 को लोकसभा द्वारा 15 मार्च, 2018 को तथा राज्य सभा द्वारा 22 मार्च, 2018 को पारित किया गया। इसे 29 मार्च 2018 से लागू कर दिया गया था। ग्रेच्युटी भुगतान अधिनियम, 1972 उन प्रतिष्ठानों पर लागू होता है, जिनमें 10 या उससे अधिक व्यक्ति काम करते हैं। इस अधिनियम को लागू करने का मुख्य उद्देश्य सेवानिवृत्ति के बाद कर्मचारी को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना है, चाहे सेवानिवृत्ति का कारण कोई भी हो। इसमें शारीरिक विकलांगता या शरीर के महत्वपूर्ण अंग की क्षति होना, यह भी शामिल है। ग्रेच्युटी भुगतान अधिनियम, 1972 उद्योगों, कारखानों और प्रतिष्ठानों में मजदूरी कमाने वाली आबादी के लिए एक महत्वपूर्ण सामाजिक सुरक्षा कानून है।

पहले दस लाख मिलती थी ग्रेच्युटी

7वें केंद्रीय वेतन आयोग के कार्यान्वयन से पहले, सीसीएस (पेंशन) नियम, 1972 के तहत अधिकतम सीमा 10 लाख रुपये थी। 7वें केंद्रीय वेतन आयोग के कार्यान्वयन के साथ, सरकारी कर्मचारियों के मामले में, अधिकतम सीमा बढ़ाकर 20 लाख रुपये कर दी गई थी। 

अन्य ख़बरें

संबंधित खबरें