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फर्रुखाबाद सहित पूरे उत्तर प्रदेश में गरीब परिवारों के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। योगी सरकार ने हर ग्राम पंचायत से 25 निर्धनतम परिवारों का चयन करने का फैसला लिया है, जिन्हें 'जीरो पावर्टी अभियान' के अंतर्गत लाभान्वित किया जाएगा। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य गरीबों के जीवन स्तर में सुधार करना और उन्हें भोजन, वस्त्र, शिक्षा, एवं आवास जैसी आवश्यक सुविधाएं प्रदान करना है। चयन प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी होगी और पंचायत स्तर पर विशेष ध्यान देकर गरीब परिवारों की पहचान की जाएगी।
इस योजना के तहत गरीब परिवारों की चयन प्रक्रिया पंचायत स्तरीय कार्मिकों के माध्यम से होगी। एक बार चयनित होने के बाद, इन परिवारों को सरकार द्वारा कई प्रकार की सुविधाएं दी जाएंगी, जैसे कि खाद्य सुरक्षा, वस्त्र, शिक्षा, एवं आवास। खंड विकास अधिकारी चयनित परिवारों की प्रोफाइल को 'जीरो पावर्टी पोर्टल' पर पंजीकृत करेंगे। इन परिवारों को प्राथमिकता के आधार पर हर आवश्यक सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी ताकि उनका जीवन स्तर सुधर सके।
पारदर्शी चयन प्रक्रिया होगी सुनिश्चित-
जीरो पावर्टी अभियान की त्वरित क्रियान्वयन के लिए सुनिश्चित किया गया है कि चयन प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी हो। इसके लिए सबसे पहले माप अप मोबाइल एप पर निर्धनतम परिवारों का चिन्हीकरण किया जाएगा। विशेष रूप से उन परिवारों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा, जो भूमिहीन हैं या जिनकी आय का कोई स्थायी स्रोत नहीं है। दिहाड़ी मजदूर और कृषि मजदूरी पर निर्भर परिवारों को प्राथमिकता दी जाएगी।
ग्राम स्तरीय कर्मचारी निभाएंगे अहम भूमिका
ग्राम पंचायतों में पंचायत सहायक, ग्राम रोजगार सेवक, आजीविका मिशन से जुड़े समूह सखी और बीसी सखी जैसे कर्मचारियों को चिन्हीकरण प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा। ये कर्मचारी माप अप मोबाइल एप पर परिवारों की जानकारी दर्ज करेंगे। इसके लिए परिवार के मुखिया की उपस्थिति में स्थलीय निरीक्षण किया जाएगा। अगर परिवार के पास स्मार्टफोन है, तो वे स्वयं भी अपनी जानकारी भर सकते हैं।
तीन स्तरों पर होगी जांच: कोई निर्धन परिवार न छूटे
पहले स्तर पर चिन्हित परिवारों की जांच ग्राम स्तरीय समिति द्वारा की जाएगी, जिसमें प्रधान, पूर्व प्रधान और विद्यालय के हेडमास्टर शामिल होंगे। दूसरे और तीसरे स्तर पर भी जांच प्रक्रिया जारी रहेगी ताकि कोई निर्धनतम परिवार छूट न जाए और किसी भी परिवार का गलत चिन्हीकरण न हो।
तीसरे पक्ष की भी होगी भागीदारी
पावर्टी अभियान में चयनित परिवारों की गुणवत्ता जांच के लिए कई चरणों की प्रक्रिया अपनाई जाएगी। हर स्तर पर सत्यापन के बाद ही परिवारों की अंतिम सूची तैयार होगी। शासन स्तर पर विशेषज्ञ टीम द्वारा भी सूचनाओं की सत्यता का परीक्षण किया जाएगा। यदि किसी जानकारी पर संदेह हुआ, तो थर्ड पार्टी द्वारा स्थलीय परीक्षण करवाया जाएगा।
अंतिम चयनित परिवारों की सूची होगी सार्वजनिक
जिला पंचायत राज अधिकारी, राजेश कुमार चौरसिया के अनुसार, अभियान के अंतर्गत अधिकतम 25 निर्धनतम परिवारों का चयन होगा। इन परिवारों की सूची को ग्राम सचिवालय और सार्वजनिक स्थानों पर 15 दिनों के लिए चस्पा किया जाएगा ताकि कोई भी व्यक्ति इस पर आपत्ति दर्ज करा सके। यह योजना राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है और सरकार के द्वारा तय किए गए मानकों के अनुसार ही चयन सुनिश्चित किया जाएगा।
गरीबों के जीवन में आएगा बदलाव
इस पहल से उम्मीद की जा रही है कि गरीबों के जीवन स्तर में बड़ा सुधार होगा। योगी सरकार की इस योजना से ग्रामीण क्षेत्रों के निर्धनतम परिवारों को जीवन की मूलभूत सुविधाएं प्राप्त होंगी, जिससे उनकी आर्थिक और सामाजिक स्थिति में बेहतर बदलाव आएगा।
Baten UP Ki Desk
Published : 7 October, 2024, 4:39 pm
Author Info : Baten UP Ki